अनन्त लाल जीवनी Biography Anant Lal in Hindi संगीत में योगदान, सम्मान

अनन्त लाल की जीवनी Biography of Anant Lal

अनन्त लाल जीवनी Biography -अनन्त लाल का जन्म वर्ष 1927 में उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले में हुआ ।

  • इनका परिवार शहनाई वादकों के घराने से था , इसलिए इन्हें बचपन से संगीत का वातावरण मिला ।
  • इनके पिता पण्डित मिठाईलाल स्वयं एक शहनाई वादक थे ।
  • अनन्त लाल बचपन से ही संगीत से परिचित थे तथा इनकी प्रारम्भिक शिक्षा अपने पिता मिठाईलाल की देख – रेख में हुई । 9 वर्ष की आयु में इन्होंने अपने चाचा से शहनाई वादन की शिक्षा लेनी शुरू की ।
  • पण्डित महादेव प्रसाद से इन्होंने ठुमरी गायन की शिक्षा ग्रहण की थी । अनन्त लाल शहनाई के अतिरिक्त बाँसुरी भी बजाते थे ।
  • अनन्त लाल की मृत्यु 3 मार्च , 2011 को वाराणसी में हो गई ।

बाँसुरी बजाना कैसे सीखें / Learn Flute / Bansuri kaise Bajaye ?

संगीत में योगदान

  • अनन्त लाल ने ऑल इण्डिया रेडियो के लिए शहनाई वादक का कार्य किया साथ ही इन्होंने वर्ष 1987 में एक कम्पनी के साथ रिकार्डिंग कलाकार के रूप में भी कार्य किया ।
  • वर्ष 1974 में पण्डित रविशंकर ने अपने संगीत समारोह इण्डिया के लिए अनन्त लाल को चुना जो उस समय देश – विदेश में प्रदर्शन करने वाला सबसे बड़ा भारतीय आर्केस्ट्रा ग्रुप था ।
  • अनन्त लाल ने वर्ष 1976 में ‘ डार्क हॉर्स रिकॉर्ड्स ( एलबम ) ‘ के लिए जॉर्ज हैरिसन के साथ भी शहनाई वादक के रूप में कार्य किया ।
  • अनन्त लाल ने संगीत समारोह इण्डिया के साथ यूरोप का दौरा किया , जिसमें उनके साथ कलाकार अल्लारक्खा , लक्ष्मी शंकर , शिवकुमार शर्मा , हरिप्रसाद चौरसिया जैसे कलाकार थे ।
  • इन्होंने यहाँ पर कजरी राग का प्रदर्शन अपनी शहनाई पर किया था । अनन्त लाल ने शहनाई की अपनी रिकॉर्डिंग को ‘ स्प्लेण्डर ‘ नाम से बनाया , जिसे टी – सीरीज ने वर्ष 1990 में जारी किया ।
  • इनके बनारस घराने की परम्परा के प्रमुख शिष्यों में संजीव शंकर ( शहनाई वादक ) , दया शंकर और आनन्द शंकर हैं ।

सम्मान • पुरस्कार

अनन्त लाल को उनके शहनाई वादन में योगदान के लिए विभिन्न पुरस्कारों से सम्मानित किया गया ; जैसे –

– वर्ष 1984 में उत्तर प्रदेश संगीत नाटक पुरस्कार
-वर्ष 1989 में संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार

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